aajkal
काफी समय हो गया कोई नया पोस्ट लिखे हुए..तो सोचा आज कुछ लिख ही लूं. वैसे काफी बातें होती हैं लिखने को.......और ज़िन्दगी में कई ऐसे moments आते हैं कि उस समय मन करता है ब्लॉग लिखने का.कई अनुभव इतने अच्छे होते हैं कि उनको हमेशा के लिए सहेजने का मन करता है. उन पलों को हम बार बार जी तो नहीं सकते , लेकिन कम से कम अपना ब्लॉग पढ़ कर दोबारा उन पलों को याद करके मन से तो कुछ पलों के लिए उन बीती हुयी बातों में खो ही सकते हैं. दूसरा तब भी, जब कोई कडुआ अनुभव होता है.......ऑफिस में या कहीं भी....जब गुस्सा तो बहुत आता है पर मुंह से बोलकर अपना गुस्सा निकाल नहीं पाती...तो मन करता है कि ब्लॉग पर ही लिख लूं. और तब...